Tuesday, 13 June 2017

काजू के बेमिसाल फ़ायदे

विभिन्न रोगों में उपचार :

1. पैर की कमजोरी: पैरों की कमजोरी को दूर करने के लिए काजू के दूध का लेप पैरों पर करें। इससे पैरों की कमजोरी दूर होती है।

2. फोड़ा होना: काजू की कच्ची गिरी और तीवर के फल को ठंडे पानी में घिसकर लेप बनाकर फोड़े पर लगाने से फोड़ा पककर जल्दी ठीक होता है।

3. नलविकार: प्रतिदिन सुबह के समय काजू के साथ कालीमिर्च व चीनी खाने से नलविकार दूर होता है।

4. दिमाग की कमजोरी: सर्दियों के मौसम में सुबह के समय रोज खाली पेट 20 ग्राम काजू खाकर ऊपर से शहद चाटने से दिमाग की कमजोरी दूर होती है और स्मरण शक्ति बढ़ती है।

5. पेट की गैस: काजू के पके फल को कालीमिर्च व नमक के साथ 3-4 दिनों तक सुबह के समय सेवन करने से पेट की गैस नष्ट होती है।

6. कब्ज: द्राक्षा या हरी द्राक्षा के साथ 30 ग्राम काजू खाने से कब्ज दूर होती है।

7. हाथ-पैर फटना: काजू का तेल हाथ-पैरों की त्वचा पर लगाने से त्वचा नहीं फटती है। इसके तेल का प्रयोग एड़ियां फटने पर भी किया जाता है। मस्सों पर इसका तेल लगाने से मस्से सूखकर नष्ट होते हैं।

8. सफेद दाग: रोजाना काजू खाने से श्वेत कुष्ठ (सफेद दाग) समाप्त हो जाता है।

जायफल के ऐसे फ़ायदे जो कर देंगे आपको हैरान

विभिन्न रोगों में सहायक :

1. हिचकी:

तुलसी के रस में जायफल को घिसकर एक चम्मच की मात्रा में 3 बार खायें। इससे हिचकी बंद हो जाती है।
चावल के धुले पानी में जायफल को घिसकर पीने से हिचकी व उल्टी बंद हो जाती है।

2. सिर दर्द:

कच्चे दूध में जायफल घिसकर सिर में लगाएं। इससे बहुत आराम मिलेगा।

सिर में दर्द होने पर जायफल को पानी में घिसकर माथे पर लेप की तरह लगाने से सिर का दर्द ठीक हो जाता है।

3. मुंह के छाले:

जायफल के काढे़ से 3-4 बार गरारें करें। इससे मुंह के छाले नष्ट हो जाते हैं।

जायफल के रस में पानी मिलाकर कुल्ले करने से छाले ठीक हो जाते हैं।

4. बच्चों के दस्त: जायफल को पानी में घिसकर आधा-आधा चम्मच 2-3 बार पिलाएं। इससे बच्चों का दस्त बंद हो जाता है।

5. दस्त:

जायफल को पानी में घिसकर दिन में खुराक के रूप में पीने से सर्दी लगने से बच्चों को होने वाले दस्त में लाभ होता है।

जायफल में गुड़ को मिलाकर छोटी-छोटी गोलियां बनाकर 1-1 गोली को 2-2 घंटे के बाद खाने से कब्ज और बदहजमी के कारण होने वाले दस्त दूर होता है।
जायफल को पानी में घिस लें, फिर उसमें पिसी हुई सौंफ को अच्छी तरह मिला लें। इसे पानी के साथ छोटे बच्चों को 1 दिन में 2 से 3 बार खुराक के रूप में देने से अतिसार यानी टट्टी के लगातार आने में रुकावट होती है।

1 ग्राम जायफल के चूर्ण को आधे कप पानी के साथ दिन में सुबह और शाम पीयें इससे पेट का फूलना, पेट में दर्द और पतले दस्त बंद हो जाते हैं।

जायफल 1 ग्राम, केशर 1 ग्राम और तज 1 ग्राम, छोटी इलायची 480 मिलीग्राम, लौंग 480 मिलीग्राम, खड़िया मिट्ठी 5 ग्राम और चीनी (शक्कर) 9 ग्राम की मात्रा में मिलाकर चूर्ण बनाकर रख लें, इस चूर्ण को चाटने से अतिसार (दस्त) समाप्त हो जाता है।

जायफल को भूनकर 240 मिलीग्राम से लेकर 960 मिलीग्राम की मात्रा में लेकर सेवन कराने से लाभ होता है। ध्यान रहे कि इससे अधिक मात्रा में लेने से चक्कर और बेहोशी (सन्यास) भी हो सकती है।

जायफल के बारीक चूर्ण को देशी घी और चीनी के साथ चटाने से आमातिसार में लाभ होता है।

जायफल को घिसकर चाटने से बच्चों के दांत के निकलते समय होने वाले दस्त में आराम मिलता है।
जायफल के पिसे हुए चूर्ण को लगभग 500 मिलीग्राम से लेकर 1 ग्राम की मात्रा में सेवन करने से अतिसार समाप्त हो जाता है।

6. नींद न आना:

गाय के घी में जायफल घिसकर पैर के तलुवों और आंखों की पलकों पर लगाएं, इससे नींद अच्छी आएगी।
जायफल को जल या घी में घिसकर पलकों पर लेप की तरह लगाने से नींद जल्दी आ जाती है।

7. सर्दी व जुकाम:

जायफल को पानी में घिसकर लेप बना लें। इस लेप को नाक पर, नथुनों पर और छाती पर मलने से जल्दी आराम मिलेगा। साथ ही जायफल का चूर्ण सोंठ के चूरन के बराबर की मात्रा में मिलाकर एक चौथाई चम्मच 2 बार खिलायें। इससे सर्दी और जुकाम का रोग दूर हो जाता है।

जायफल पिसा हुआ एक चुटकी की मात्रा में लेकर दूध में मिलाकर देने से सर्दी का असर ठीक हो जाता है। इसे सर्दी में सेवन करने से सर्दी नहीं लगती है।

8. मुंहासे: कच्चे दूध में जायफल घिसकर रोजाना सुबह और रात में पूरे चेहरे पर लगाएं। इससे मुंहासें के अलावा चेहरे के काले धब्बे भी दूर होंगे और चेहरा भी निखर जायेगा।

9. गैस, कब्ज की तकलीफ: नींबू के रस में जायफल घिसकर 2 चम्मच की मात्रा में सुबह-शाम भोजन के बाद सेवन करने से गैस, कब्ज की तकलीफ दूर होगी।

10. मुंह की दुर्गन्ध और फीकापन:

जायफल के छोटे-छोटे टुकड़ों को दिन में 2-3 बार चूसते रहने से मुंह की दुर्गन्ध और फीकापन दूर हो जाता है।

जायफल के टुकड़े 240 से 360 मिलीग्राम की मात्रा में चबाने से मुंह की दुर्गन्ध दूर होती है। इसके सेवन से चक्कर एवं मुर्च्छा (बेहोशी) के लक्षण प्रकट हो सकते हैं।


गर्दन दर्द और कमर दर्द का घरेलू उपचार

देसी नुस्खों से न तो कोई साइड इफ़ेक्ट होता है और समस्या से छुटकारा भी मिल जाता है। अब जानते है की ऐसे कौन से उपाय है जिन्हें अपनाकर हम गर्दन दर्द की समस्या से आराम पा सकते है।


1. लौंग के तेल से उपाय

सरसों के तेल में लौंग का तेल मिला ले और फिर इससे अच्छे से मालिश करे, ऐसा करने से neck pain में आराम मिलता है।

2. व्यायाम (Excersice) से

गर्दन में दर्द में व्यायाम करने से भी राहत मिलती है गर्दन की व्यायाम के लिए किसी डॉक्टर की सलाह ले। सर्वाइकल की समस्या होने पर आप किसी फिजिओथेरपिस्ट से मिलकर फिजियोथेरपी के बारे में जानकारी ले।

3. जैतून के तेल से

गर्दन दर्द के इलाज में जैतून के तेल का प्रयोग बहुत अच्छा उपाय है। जैतून के तेल को हल्का गर्म करके मसाज करे। मसाज के बाद गर्म पानी में एक तोलिये को भिगोकर लगभग दस मिनट तक इसे गर्दन पर रखे। दर्द की परेशानी अधिक होने पर आप इस घरेलू नुस्खे को दो से तीन बार दिन में कर सकते है ।

4. अदरक की चाय

गर्दन में दर्द की समस्या होने पर आप चाय के एक कप में अदरक का एक चम्मच पेस्ट डालकर सेवन करे। इस उपाय से गर्दन दर्द में राहत मिलता है ।

5. अजवाइन

अजवाइन का प्रयोग भी गर्दन के दर्द में बहुत कारगर साबित हुआ है। अजवाइन लेकर इससे एक पोटली बना ले। इसके बाद इसे तवे पर गर्म करके गर्दन पर सेक करे। ये उपाय गर्दन दर्द में बहुत ही फायदेमंद है।

जाने कमर दर्द दूर करने के उपाय:-

6. सौंठ

सरसों के तेल में सोंठ का चूर्ण मिलाये, फिर इस तेल से गर्दन की मालिश करे। सौंठ और अश्गंध के चूर्ण को दूध के साथ एक-एक चम्मच दिन में दो बार सुबह और शाम प्रयोग करे।

7. मेथी

पानी में मेथी के दानों को अच्छे से पीसकर इसका लेप बनाये प्रतिदिन गर्दन पर दो से तीन बार प्रयोग करने से गर्दन दर्द में बहुत लाभ मिलता है।

8. बर्फ

अगर आपकी गर्दन में दर्द किसी चोट के कारण हो रहा है तो बर्फ से चोट वाली जगह पर अच्छे से सेक करे और इसके बाद फिर किसी गर्म कपड़े को गर्दन पर उसी जगह रखे। ऐसा आप दिन में बीस से पचीस मिनट तक दो से तिन बार कर सकते है ।

9. लहुसन

गर्दन के दर्द के घरेलु उपायों में लहसुन का प्रयोग रामबाण इलाज है। एक कप में सरसों का तेल गर्म करके उसमे लहुसन की चार से पांच कलियाँ डाले और लहुसन के लाल होने तक इंतजार करे, फिर इसे ठंडा होने दे और मालिश करे।

लू से बचने के असरदार घरेलू नुस्खे

गर्मी से बचने के उपाय और घरेलू नुस्खे

गर्मी में क्या खाएं और क्या नहीं खाएं इस बात का ध्यान रखना बहुत ज़रूरी है, इसके इलावा कुछ घरेलू नुस्खे भी है जो गर्मी और लू से बचने में फायदा करते है।

1. धनिया पानी में भिगो ले फिर अच्छे से मसल कर छान ले। अब इसमें थोड़ी शक्कर मिलाकर पिए। इस होम रेमेडी से गर्मी से आराम मिलता है।

2. ईमली के बीज पीसकर पानी में घोल ले और साफ़ कपड़े से छान ले। पानी में थोड़ी शक्कर मिलाकर पीने से गर्मी से रहत मिलेगी।

3. गर्मी में लस्सी पीना और दही खाना पेट के लिए अच्छा होता है। छाछ में थोड़ा कला नमक और जीरा डाल कर पिए। गर्मी से बचने के लिए उपाय में ठंडाई, नारियल पानी, नींबू पानी और फलों का जूस पिने से भी राहत मिलती है। बेलगिरी का शरबत गर्मी से बचने में अच्छा उपाय है, इसके इलावा ये गर्मी में मोटापा घटाने में भी फायदा करता है।

4. लौकी में पानी अधिक मात्रा में होता है, इस से शरीर में पानी की कमी नहीं होती। गर्मी के मौसम में अगर खाना ठीक से नहीं पचता है तो लौकी का रायता, सब्ज़ी या जूस पिए। लौकी के इलावा कदू, तौरी, खीरा, दही उबला हुआ आलू खाना फयदेमंद है।

5. गर्मी में होने वाले पेट के रोग, घमोरिया और पित्त से बचने और इनके इलाज में जलजीरा सेवन उत्तम है। पित्त, घमोरिया हो जाने पर तुलसी और नीम का पेस्ट लगाना अचूक उपाय है।

6. गर्मी में लू लगने पर बॉडी में डिहाइड्रेशन होने लगती है। इसका इलाज करने के लिए ग्लूकोस या कोई एनर्जी ड्रिंक पानी में मिलकर दिन में तीन से चार बार पिए।

7. धूप से घर आने के कुछ घंटो के बाद चंदन पाउडर और मुलतानी मिट्टी का फेस पैक बना कर चेहरे पर लगाने से चेहरे को ठंडक मिलती है।

8. गर्मी के मौसम में ऐसी चीजें खाए जिनमें विटामिन सी और ए अधिक हो, फ्रूट्स और हरी सब्जियों का आधी सेवन करे। पुदीना गर्मी से राहत पाने में बहुत उपयोगी है। पुदीना पेट में जलन, बुखार, गैस और लू को भी दूर रखता है।

9. गर्मी से बचने के घरेलू उपाय में प्याज  बहुत उपयोगी है। एक प्याज ले कर जीरे के साथ भुन ले और खाए। इस देसी नुस्खे से पाचन क्रिया दरुस्त होती है और साथ ही लू लगने का इलाज भी कर सकते है।

10. जादा गर्मी महसूस होने पर गोंद कतीरा को पानी में भिगो कर रखे और मिश्री के शरबत में मिलाकर सुबह शाम ले। गोंद कतीरा ठंडा होता है इसके सेवन से गर्मियो में लू और अधिक गर्मी से बचा जा सकता है।

एसिडिटी का घरेलू उपचार

एसिडिटी का घरेलू उपचार-

1. अदरक का सेवन एसिडिटी के इलाज में अचूक उपाय है। अदरक की चाय इस परेशानी में बहुत लाभदायक है। अदरक के छोटे छोटे टुकड़े करे और एक गिलास पानी में गर्म करके छानकर पानी को गुनगुना होने पर सेवन करे।

2. एसिडिटी और पेट की जलन की समस्या में एलोविरा का जूस एक बेहतरीन उपाय है। प्रतिदिन इसका प्रयोग करने से एसिडिटी से छुटकारा मिलता है।

3. गुलुकंद का सेवन भी काफी हद तक एसिडिटी की रोकथाम में उपयोगी है।

4. अजवायन, सौंफ, जीरा व सवा के बीज के एक-एक चम्मच को पानी में उबाले फिर इसे छानकर रोजाना दो से तीन बार सेवन करे। ऐसा करने से पेट की समस्याओ से निजात मिलता है।

5. एक चम्मच बेकिंग सोडा को एक गिलास पानी में मिलाकर सेवन करने से एसिडिटी से जल्दी ही आराम मिलता है।

6. राजीव दिक्षित जी कहते है की दस ग्राम किशमिश को रात को भिगोकर सुबह खाने से एसिडिटी से आराम मिलता है ।

7. बादाम एसिड को नियंत्रित करने का काम करता है । पेट में जलन होने पर तीन से चार बादाम खाये।

8. पेट में गैस की परेशानी जलन की समस्या व पेट दर्द में लौंग इलायची और तुलसी के पत्तों का प्रयोग बहुत ही उपयोगी व बेहतरीन इलाज है।

9. कददू , पत्तागोभी ,गाजर और प्याज से बनी सब्जियां पेट में जलन होने पर सेवन करे।

10. भोजन करने के बाद एक गिलास पुदीने का पानी उबाल कर पीने से भी एसिडिटी से आराम मिलता है।

चेहरे के दाग धब्बो को मिटाने के रामबाण घरेलू नुस्खे

चेहरे के दाग कैसे हटाए : काले दाग हटाने के उपाय


1. दाग काला गहरा हो या हल्का हो ये उपाय हर तरह के दाग और धब्बे हटाने में कारगर है। थोड़ा एलोवेरा जेल ले और इसमें निम्बू का रस, हल्दी और थोड़ा बेकिंग सोडा मिलाकर लेप त्यार कर ले और दाग पर लगाए।

2. काले दाग मिटाने के लिए नींबू का रस, हल्दी और शहद मिला कर इसका लेप लगाए।

3. अगर दाग गहरे हो और दूर से देखने पर भी चेहरे पर काली छाया दिखती है तो ऐसे दाग हटाने के लिए एक से दो बूँद ग्लिसरीन, थोड़ा नींबू का रस और थोड़ा शहद मिलाकर एक मिश्रण त्यार कर ले और दाग धब्बे पर लगा कर कुछ देर हल्की मालिश करे और 30 मिनट बाद चेहरा धो ले। इस घरेलू उपाय को सही तरीके से और नियमित करने पर फेस के जटिल दाग भी धीरे धीरे गायब होने लगेंगे।

4. संतरे के छिलके से भी काले दाग का इलाज आसानी से घर पर कर सकते है। गहरे से गहरा दाग हो इस उपाय से साफ़ होने लगेगा। संतरे के ताजे छिलके पीस कर इसमें शहद मिलाए और दाग पर लगाए।

5. चंदन पाउडर में थोड़ा सा गुलाब जल डालें और इसका उबटन बना कर चेहरे पर लगाए और चालीस से पचास मिनट बाद चेहरा धो ले। ये घरेलू तरीका नियमित रूप से करने पर चेहरे पर निखार आता है और दाग साफ़ होने लगते है।

6.ठंडा दूध ले कर रूई की मदद से भी आप दाग धब्बों को साफ़ कर सकते है। दूध में अगर थोड़ी हल्दी मिला ले तो ये और भी असरदार है। स्किन ऑयली हो तो हल्दी के साथ नींबू का रस प्रयोग करे

7.दाग हटाने के लिए गुलाब की पंखुड़ियां कूट कर उसमें दूध मिलाए और प्रयोग करे। इस उपाय से दाग तो साफ़ होंगे ही साथ में आपकी त्वचा पर भी निखार आएगा।

8. दही में थोड़ी हल्दी मिला कर घरेलू फेस पैक बना ले और नियमित रूप से प्रयोग करने पर त्वचा का रंग साफ़ होने लगता है। दही चावल का आटा और बेसन मिला कर भी चेहरे पर लगा सकते है। इससे फेस पर ग्लो आने लगता है।

9.चेहरे के काले दाग पर कुछ देर निम्बू घिसे फिर नारियल तेल में थोड़ा बेकिंग सोडा और हल्दी मिला कर पेस्ट बना ले और जिस जगह दाग के निशान है वहां लगाए। जिनकी त्वचा रूखी है उनके लिए ये उपाय काफी उपयोगी है।

10. मुहासे होने से अगर चेहरे पर दाने निकल आये तो इसका घरेलू इलाज आप त्वचा को भाप देकर कर सकते है। इसके इलावा चेहरे पर दाने के उपाय के लिए लहसुन और नीम का लेप भी लगा सकते है।

खून बढ़ाने के 10 बेमिसाल उपाय

शरीर मे खून बढ़ाने के 10 बेमिसाल उपाय-

1. एक नींबू एक गिलास पानी में निचोड़ कर इसमें एक चम्मच शहद मिलाये और पिए। हर रोज इस उपाय को करने से खून जल्दी बढ़ता है।

2. एनीमिया की बीमारी में पालक दवा की तरह काम करती है। पालक में  विटामिन ए, सी, बी9, आयरन,  फाइबर और कैल्शियम अधिक होते है। पालक एक ही बार में बीस प्रतिशत तक आयरन बढ़ा सकती है। पालक का सेवन आप सब्जी और सूप के रूप में कर सकते है।

3. खून बढ़ाने के घरेलू उपाय में टमाटर काफी उपयोगी है। तेजी से खून पूरा करने के लिए एक गिलास टमाटर का जूस हर रोज पिए। इसके इलावा टमाटर सूप पी सकते है, चाहे तो सेब और टमाटर का जूस को मिलाकर भी पी सकते है।

4. बॉडी में हीमोग्लोबिन का स्तर बढ़ाने में मक्‍के के दाने का सेवन भी फायदेमंद है। ये पौष्टिक होते है और उबाल कर या फिर भून कर खा सकते है।

5. थोड़ा सा शहद 1 गिलास चकुंदर के रस में मिलाकर पिने से शरीर को आयरन अधिक मात्रा में मिलता है जिससे शरीर में खून बनता है।

6. सोयाबीन में विटामिन और आयरन की मात्रा अधिक होती है। एनीमिया के रोगी के लिए इसका सेवन करना फायदेमंद है। सोयाबीन को उबाल कर खा सकते है।

7. थोड़ा सेंधा नमक और थोड़ी सी काली मिर्च आनर के जूस में मिलाकर हर रोज पीने से शरीर में आयरन की कमी पूरी होने लगती है।

8.  गुड के साथ मूँगफली खाने से भी बॉडी में आयरन बढ़ता है।

9. हीमोग्लोबिन बढ़ाने के लिए थोड़ा सा नमक लहसुन में मिला कर पीस ले और चटनी बना ले। इस चटनी के सेवन से हीमोग्लोबिन का इलाज करने में मदद मिलती है।

10. शरीर में खून की कमी को पूरा करने के लिए दूध और खजूर का सेवन भी उत्तम उपाय है। इस उपाय को करने के लिए रात को सोने से कुछ देर पहले दूध में खजूर डालें और दूध पिए। दूध पीने के बाद खजूर भी खा ले।

पाचन शक्ति बढ़ाने के उपाय

1. एक छोटा टुकड़ा अदरक ले और इस पर नींबू का रस डाल कर चूसे, इस घरेलू नुस्खे से पाचन क्रिया बढ़ती है।


2. काला नमक, जीरा और अजवाइन बराबर मात्रा में ले और मिक्स करके इस मिश्रण का एक चम्मच पानी के ले।

3. अजवाइन के पानी से भी पाचन मजबूत होता है।

4. इलायची के बीजों को पीस कर चूर्ण बना ले और बराबर मात्रा में मिश्री मिला ले। तीन ग्राम मात्रा में ये देसी दवा दिन में दो से तीन बार खाए।

5. आँवले का पाउडर, भूना हुआ जीरा, सौंठ, सेंधा नमक, हींग और काली मिर्च मिलाकर इसकी छोटी छोटी वडी बनाकर सेवन करे। इस उपाय से पाचन शक्ति मजबूत होती है और इससे भूख भी बढ़ती है।

बार बार पेशाब आने पर उपचार

बार बार पेशाब का इलाज के घरेलू उपाय और नुस्खे


1. सुबह शाम तिल के लडू खाने से बार बार पेशाब लगने की बीमारी में आराम मिलता है।

2. खाने में दही शामिल करे। दही में बैक्टीरिया होता है जो मूत्राशय में मौजूद हानिकारक बैक्टीरिया को बढ़ने से रोकता है।

3. रात को बार बार पेशाब आना की परेशानी हो तो सेब खाने से भी फायदा मिलता है। इसके अतिरिक्त दिन में दो बार गाजर जूस का सेवन भी कर सकते है।

4. इस समस्या से छुटकारा पाने में मसूर की दाल भी फायदा करती है। मेथी का साग एक कटोरी हर रोज खाए, इस देसी नुस्खे से भी पेशाब जादा आने की समस्या कम होती है।

5. वृद्धावस्था में पेशाब का बार बार होना जैसी समस्या होती है, इसके उपचार के लिए छुहारे खाने से फायदा मिलता है। रात को सोने से कुछ देर पहले छुहारे खा कर दूध पिए।

6. पालक की सब्जी शाम को बना कर खाने से भी थोड़ी थोड़ी देर में पेशाब आने की समस्या कम होती है।

7. हर रोज सुबह नाश्ता करने के बाद दो पके केले खाए।

8. अंगूर खाने से जादा पेशाब की हज़त कम होती है।

9. पेशाब बार बार आना इलाज के लिए थोड़ी सी हल्दी ले और इसकी फांक मार कर पानी पिए।

10. तीन पिस्ता, पांच काली मिर्च और तीन मुनका पीस ले और दिन में दो बार इसका से सेवन करे। इस घरेलू दवा से भी फायदा मिलता है।

पायरिया का घरेलू उपचार

पायरिया का उपचार के घरेलू उपाय और देसी नुस्खे

1. चुटकी भर हल्दी नमक में मिला कर सरसों के तेल की कुछ बूंदे मिला कर दांतों पर हलकी मालिश करे और 15 मिनट तक कुल्ला ना करे और मुंह में जो लार बने उसे बाहर थूक दे।

2. ब्रश करने के बाद थोड़ा सा नमक राई के तेल में मिला कर उंगली से teeths और मसूढ़ों पर हल्की मालिश करने पर मसूड़ों से खून आना बंद हो जाता है।

3. नमक को सरसों के तेल में मिला ले दांतो पर मंजन करे, इस उपाय से भी पायरिया ठीक होता है। अगर सेंधा नमक प्रयोग करे तो दांत मजबूत होते है और दांतों का हिलना भी बंद होता है।

4. पायरिया का इलाज में अमरूद खाने से भी फायदा मिलता है, इसमें विटामिन सी अधिक होता है। कच्चे अमरूद को नमक लगा के खाए।

5. नीम की पत्तियों की राख, थोड़ा सा कपूर और कोयले का चुरा इन तीनो को अच्छे से मिलाकर रात को सोने से कुछ देर पहले मसूड़ों पर लगाने पर पूस बननी रूकती है और खून का निकलना भी बंद होता है। नीम का दातून करने पर भी पायरिया से राहत मिलती है।